यह पुस्तक गीताप्रेस गोरखपुर द्वारा प्रकाशित 'चित्रमय श्रीदुर्गासप्तशती' है, जो भगवती दुर्गा की आराधना और उनकी महिमा का एक अत्यंत पावन ग्रंथ है। इस विशेष संस्करण में आदि-शक्ति माँ दुर्गा के विभिन्न चरित्रों और असुर-वध की कथाओं को सुंदर बहुरंगे चित्रों के माध्यम से सजीव रूप में दर्शाया गया है। पुस्तक में मूल संस्कृत श्लोकों के साथ-साथ उनका अत्यंत सरल हिंदी अनुवाद दिया गया है, ताकि आम पाठक भी माँ भगवती की लीलाओं को आसानी से समझ सकें। इसके अतिरिक्त, इसमें नवरात्रि या सामान्य दिनों में किए जाने वाले पाठ की संपूर्ण प्रामाणिक विधि, कवच, अर्गला, कीलक, और तांतोक्त व वेदोक्त सूक्तों को भी समाहित किया गया है, जो इसे नियमित पूजा और अनुष्ठान के लिए एक संपूर्ण तथा व्यावहारिक मार्गदर्शिका बनाता है।
चित्रमय श्रीदुर्गासप्तशती (हिंदी अनुवाद तथा पाठ-विधि सहित) - गीताप्रेस गोरखपुर (
₹70.00Price



